पारंपरिक कलाओं को सीख हुनरमंद बनना आर्थिक स्वतंत्रता की ओर मजबूत कदम: मंजरी राव
जननायक चन्द्रशेखर विवि में चल रहे तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का समापन
बलिया। जननायक चन्द्रशेखर विश्वाविद्यालय में चल रहे तीन- दिवसीय टाई एंड डाई, ब्लॉक प्रिंटिंग और फोल्डर निर्माण के प्रशिक्षण की तीन दिवसीय कार्यशाला का बुधवार को समापन हुआ। कुलपति प्रो. नरेन्द्र कुमार शुक्ल के संरक्षण में आयोजित इस कार्यक्रम का आयोजन गृह विज्ञान विभाग और जेएनसीयू फाउंडेशन तथा इनक्यूबेशन सेल के तत्वावधान में हुआ।
कार्यक्रम के समापन सत्र में बलिया सदर की पुलिस उपाधीक्षक सुश्री मंजरी राव मुख्य अतिथि ने प्रतिभागियों द्वारा तैयार किए गए प्रिंटेड कपड़ों का अवलोकन किया और उनकी रचनात्मकता की सराहना की। कहा कि पारंपरिक कलाओं को सीखकर हुनरमंद बनना आर्थिक स्वतंत्रता की ओर पहला मजबूत कदम है। आधुनिक दौर में ब्लॉक प्रिंटिंग जैसी हस्तशिल्प विधाओं को जीवित रखना और उनसे रोजगार सृजित करना बेहद सराहनीय प्रयास है। कार्यशाला का अंतिम दिन पारंपरिक ब्लॉक प्रिंटिंग (ठप्पा छपाई) की कला और उसके व्यावहारिक प्रशिक्षण पर केंद्रित रहा।
प्रशिक्षकों ने प्रतिभागियों को लकड़ी के नक्काशीदार ब्लॉकों, प्राकृतिक व सिंथेटिक रंगों के मिश्रण और फैब्रिक तैयार करने की बुनियादी विधियाँ समझाईं। सभी प्रतिभागियों ने सूती कपड़ों, दुपट्टों और बैग्स पर स्वयं अलग-अलग पैटर्न्स और ज्यामितीय डिज़ाइनों की छपाई का अभ्यास किया।
छपाई के दौरान सही दबाव, रंगों का टिकाऊपन और धुलाई के बाद रंग न छूटने से जुड़ी जरूरी सावधानियों की जानकारी दी गई। इस कला को कम लागत में शुरू कर स्थानीय स्तर पर बुटीक, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और प्रदर्शनियों के माध्यम से आय का जरिया बनाने के तरीके साझा किए गए।
कार्य प्रदर्शनी एवं प्रमाण पत्र वितरण
कार्यशाला के उत्तरार्ध में प्रतिभागियों द्वारा दिनभर में तैयार किए गए वस्त्रों की एक लघु प्रदर्शनी लगाई गई। कार्यक्रम के अंत में प्रशिक्षाण र्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रमोद शंकर पाण्डेय एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ. विवेक कुमार ने किया। कार्यक्रम की समन्वयक डॉ. सौम्या तिवारी रहीं। डॉ. पुष्पा मिश्रा, डॉ. प्रियंका सिंह, डॉ. तृप्ति तिवारी, डॉ. संध्या, डॉ. रूबी, डॉ. रंजना आदि परिसर एवं महाविद्यालय के प्राध्यापक, विद्यार्थी और ग्रामीण महिलाएं उपस्थित रहीं।
रिपोर्ट: विनय कुमार
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