एल नीनो एवं भारतीय मानसून
विश्व के मौसम सहित भारतीय मानसून पर भी पड़ता है महत्वपूर्ण प्रभाव: डाॅ. गणेश पाठक 'एल नीनो ' या जिसे 'अल नीनो' भी कहा जाता है, मौसम संबंधी एक ऐसी घटना है, जिसके तहत खासतौर से भूमध्य रेखीय प्रशांत महासागरीय क्षेत्र में असामान्य रुप से एक संकीर्ण गर्म समुद्री धारा की उत्पत्ति होती है। इस गर्म जल धारा की उत्पत्ति दिसम्बर माह के अंत में पेरू के तट पर होती है। इस प्रकार एल नीनो उष्ण कटिबंधीय प्रशान्त क्षेत्र में महासागरीय वायुमंडल प्रणाली का एक ऐसा दोलन, जिसका विश्व के मौसम सहित भारतीय मानसून पर भी महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ता है। डॉ. गणेश कुमार पाठक पर्यावरणविद स्पेनिश भाषा में नीनो का तात्पर्य 'शिशु क्राइस्ट' से होता है। चूंकि एल नीनो की घटना भी क्रिसमस के आस -पास ही घटित होती है, इसी लिए इसे ' शिशु क्राइस्ट' कहा जाता है। एल नीनो के प्रभाव से समय- समय पर बाढ़ एवं सूखा दोनों आते ...