नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व से कराया गया अवगत

जेएनसीयू मे मातृ पोषण जागरूकता कार्यक्रम का हुआ आयोजन
बलिया। राष्ट्रीय पोषण सप्ताह के अंतर्गत गृह विज्ञान विभाग, जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय मे द्वितीय
दिवस बुधवार को मातृ पोषण पर केंद्रित विभिन्न जागरूकता एवं परामर्श गतिविधियों का आयोजन किया गया।

 कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य गर्भावस्था एवं प्रसवोत्तर अवधि में महिलाओं के पोषण के महत्व के प्रति जागरूकता उत्पन्न करना तथा संतुलित आहार एवं स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना रहा। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को गर्भावस्था में ऊर्जा, प्रोटीन, आयरन, फोलिक एसिड, कैल्शियम, विटामिन एवं अन्य सूक्ष्म पोषक तत्वों की आवश्यकता के संबंध में जानकारी दी गई। 

विशेष रूप से आयरन एवं फोलिक एसिड की पर्याप्त मात्रा लेने, हरी पत्तेदार सब्जियों, दालों, दूध एवं दुग्ध उत्पादों, मौसमी फलों, मोटे अनाज एवं स्थानीय पौष्टिक खाद्य पदार्थों को दैनिक आहार में शामिल करने के लिए प्रेरित किया गया। इसके साथ ही महिलाओं को एनीमिया की रोकथाम, पर्याप्त जल सेवन, स्वच्छता, भोजन की गुणवत्ता तथा नियमित स्वास्थ्य जांच के महत्व के बारे में भी बताया गया। गर्भावस्था के दौरान अत्यधिक चाय-कॉफी के सेवन से बचने तथा आयरन युक्त खाद्य पदार्थों के साथ विटामिन- सी युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करने की सलाह दी गई।

कार्यक्रम में गृह विज्ञान विभाग की शिक्षिकाओं डॉ. सौम्या तिवारी, डॉ. संध्या, डॉ. तृप्ति तिवारी, डॉ. रंजना मल्ल एवं विद्यार्थियों ने सक्रिय सहभागिता करते हुए महिलाओं को मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य से जुड़े पोषण संबंधी महत्वपूर्ण संदेश प्रदान किए।
रिपोर्ट: विनय कुमार

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