एसटी के लिए नियमानुसार सीटें आरक्षित करने की मांग

जिलाधिकारी के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री, राज्यपाल एवं मुख्य सचिव को प्रेषित किया ज्ञापन
बलिया।  उत्तर प्रदेश सरकार की सरकारी नौकरियों में नियमानुसार 2 प्रतिशत सीटे अनुसूचित जनजाति एसटी हेतु निर्धारित हैं। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग, लखनऊ के विज्ञापन संख्या-18-परीक्षा/ 2026, वेटनरी फार्मासिस्ट मुख्य परीक्षा (प्रा.अ.प.-2025)/18 दिनांक 14.08.2026 के अन्तर्गत पशुपालन निदेशालय के नियंत्रणाधीन वेटनरी फार्मासिस्ट के कुल रिक्त 1308 पदों पर चयन हेतु विज्ञप्ति निकाली गयी है।

 जिसमें 2 प्रतिशत के हिसाब से अनुसूचित जनजाति एसटी हेतु 26/27 सीटें आरक्षित की जानी चाहिए जबकि इसमें मात्र 6 पद ही अनुसूचित जनजाति हेतु आरक्षित की गयी हैं जो अनुसूचित जनजाति वर्ग के अभ्यर्थियों के साथ घोर अन्याय है। 

इस बाबत 01 सितम्बर दिन मंगलवार को ऑल गांडवाना स्टूडेन्ट्स एसोसिएशन (आगसा) के संरक्षक अरविन्द गोंडवाना के नेतृत्व में आदिवासी जनजाति गोंड समुदाय के लोगों व छात्र नौजवानों द्वारा बलिया जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन कर पशुपालन विभाग वेटनरी फार्मासिस्ट भर्ती- 2026 में नियमानुसार 26/27 सीटें आरक्षित करने सहित प्रदेश सरकार के हर विभागों में 2 प्रतिशत के हिसाब से अनुसूचित जनजाति हेतु सीटें आरक्षित करने की गारंटी करने, अनुसूचित जनजाति सीटों की कटौती पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने की मांग को लेकर बलिया जिलाधिकारी के माध्यम से महामहिम राज्यपाल, माननीय मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, निदेशक पशुपालन विभाग, मा.अध्यक्ष अनुसूचित जनजाति आयोग नई दिल्ली व सचिव उ.प्र.अधीनस्थ सेवा चयन आयोग को पत्रक ज्ञापन प्रेषित किया गया। पत्रक ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि सिटी मजिस्ट्रेट ने आकर स्वीकार किया। 

इस दौरान प्रमुख रूप से अरविन्द गोंडवाना सहित, मनोज शाह, संजय गोंड, गुलाब चन्द गोंड, सोनू गोंड, परमेश्वर गोंड, मिन्टृ शाह, अखिलेश गोंड, भिखारी गोंड, दीपू गोंड, नागेन्द्र गोंड, हरिशंकर गोंड, भागवत गोंड, रामचन्द्र गोंड आदि लोग रहे।

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