स्वयंसेविकाओं द्वारा निकली गई महिला सशक्तिकरण संबंधी जागरूकता रैली
राष्ट्रीय सेवा योजना के सप्तदिवसीय विशेष शिविर का द्वितीय दिवस
बलिया। गुलाब देवी महिला महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना के अंतर्गत संचालित सप्तदिवसीय विशेष शिविर का द्वितीय दिवस अत्यंत उत्साह, अनुशासन एवं सामाजिक संवेदनशीलता के वातावरण में संपन्न हुआ। प्रातःकालीन सत्र का शुभारम्भ प्रार्थना, योगाभ्यास एवं व्यायाम से हुआ, जिससे स्वयंसेवकों में शारीरिक स्फूर्ति एवं मानसिक एकाग्रता का विकास हुआ। तत्पश्चात कार्यक्रम अधिकारी मनीषा मिश्रा द्वारा दिवस की रूपरेखा प्रस्तुत की गई तथा सभी स्वयंसेविकाओं को समाजोपयोगी कार्यों के प्रति प्रेरित किया गया।
द्वितीय दिवस का प्रमुख विषय “महिला सशक्तिकरण एवं बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” निर्धारित किया गया। इस क्रम में स्वयंसेविकाओं द्वारा एक प्रभावशाली जागरूकता रैली का आयोजन किया गया, जिसमें “बेटी है तो भविष्य है”, “शिक्षित नारी, सशक्त समाज” जैसे प्रेरक नारों के माध्यम से ग्रामवासियों को जागरूक किया गया। रैली ने ग्राम के विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए जनमानस में जागरूकता का संचार किया।
रैली के उपरांत स्वयंसेविकाओं द्वारा घर घर जाकर महिलाओं को महिला सशक्तिकरण के विविध आयामों पर प्रकाश डालते हुए समझाया गया तथा यह बताया गया कि किसी भी समाज की उन्नति तब तक संभव नहीं है, जब तक उसकी महिलाएँ शिक्षित, जागरूक एवं आत्मनिर्भर न हों। उन्होंने “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” अभियान की सार्थकता को रेखांकित करते हुए बालिका शिक्षा के महत्व को विशेष रूप से प्रतिपादित किया।
इसी दौरान स्वयंसेविकाओं ने ग्रामीण महिलाओं एवं बालिकाओं से संवाद स्थापित कर उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वावलंबन तथा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया। अभिभावकों को भी प्रेरित किया गया कि वे अपनी बेटियों को शिक्षा के समान अवसर प्रदान करें और उनके उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में सहयोग दें।
दोपहर के सत्र में महिला सशक्तिकरण एवं बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ विषय पर मुख्य वक्ता शीमती अलका श्रीवास्तव , जिला उद्यान अधिकारी ने महिला सशक्तिकरण के विविध आयामों पर प्रकाश डालते हुए समझाया तथा यह बताया कि किसी भी समाज की उन्नति तब तक संभव नहीं है, जब तक उसकी महिलाएँ शिक्षित, जागरूक एवं आत्मनिर्भर न हों। उन्होंने “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” अभियान की सार्थकता को रेखांकित करते हुए बालिका शिक्षा के महत्व को विशेष रूप से प्रतिपादित किया। कार्यक्रम का सञ्चालन सुश्री शिवांगी मिश्रा द्वारा किया गया।
दिवस के समापन पर स्वयं सेविकाओं ने अपने अनुभव साझा किए, जिससे उनके भीतर सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना और अधिक सुदृढ़ हुई। कार्यक्रम अधिकारी ने सभी स्वयंसेविकाओं के समर्पण एवं सक्रिय सहभागिता की सराहना करते हुए उन्हें निरंतर समाज सेवा हेतु प्रेरित किया। इस प्रकार NSS शिविर का द्वितीय दिवस जागरूकता, प्रेरणा एवं सेवा भावना से परिपूर्ण रहते हुए सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
रिपोर्ट: विक्की कुमार गुप्ता
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